पीलीभीत में पटाखा विस्फोट: नमाज पढ़ते हुए ऐसे आई तीनों बेटियों की मौत, संभलने का मौका तक न मिला,
Aftab Khan ××××××× Human Rights Media council AMMP 24 News Date: Wed, 03 Aug 2022

आपको बता दें, पीलीभीत के जहानाबाद कस्बे के जोशीटोला में घनी आबादी के बीच बने एक मकान में आतिशबाजी की रखी 25 पेटियों में मंगलवार दोपहर आग लगने से विस्फोट हो गया। इससे मकान की दूसरी मंजिल पर बने दो कमरे धराशायी हो गए। हादसे में पटाखा व्यापारी अजीम बेग की तीन बेटियों की झुलसने और मलबे में दबकर मौत हो गई। अजीम बेग ने मकान में नीचे के कमरे में आतिशबाजी का भंडार कर रखा था। दोपहर करीब ढाई बजे आतिशबाजी में आग लगने से जबरदस्त विस्फोट हुआ। इससे छत पर बने कमरे में मौजूद अजीम बेग की दो पुत्रियां निशा (17) और सानिया (15) बुरी घायल हो गईं। जबकि तीसरी बेटी नगमा (18) नीचे गिरकर मलबे में दब गई। करीब एक घंटे तक पटाखे फटने की आवाज आती रही। चीखपुकार के बीच आसपास के लोग पहुंचे और बचाव कार्य शुरू किया। आग की लपटों के बीच से घुसकर पुलिस ने ग्रामीणों के सहयोग से निशा और सानिया को निकाला।
तीसरी पुत्री नगमा (18) को मलबा से निकालने मे दो घंटे लग गए। तीनों को जिला अस्पताल भेजा गया। हालत गंभीर देखकर तीनों को बरेली रेफर कर दिया गया। वहां जिला अस्पताल में शाम को तीनों की मौत हो गई। इस बीच घटना का पता चलने पर एसपी दिनेश कुमार पी, एएसपी डॉ. पवित्र मोहन त्रिपाठी, एसडीएम योगेश कुमार गौड़, फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची।
वहीं बाकी ने खुद को किसी तरह से बचा लिया। फिरोज बेगम ने बताया कि हादसे के दौरान तीनों बेटियां निशा, सानिया और नगमा नमाज पढ़ रहीं थीं। फिरोज बेगम के मुताबिक बारिश के बीच बिजली गिरने से पटाखों में आग लगी।
बताते चलें कि अजीम बेग के पास 2025 तक का पटाखा बनाने का लाइसेंस है। जिसकी जांच कराई जा रही है। पटाखों की 20-25 पेटियां बिक्री के लिए घर में रखी थीं। अचानक आग लग गई। फोरेंसिक टीम से जांच कराई जा रही है। घर में आतिशबाजी कैसे रखी थी, सीओ सदर लल्लन सिंह की अध्यक्षता वाली टीम इसकी जांच करेगी। -au