Aftab Khan ××××××× Human Rights Media Council AMMP 24 News: Date: Thu, 16 Dec 2021 12:30 PM

आपको बता दें, लखीमपुर खीरी हिंसा मामले में एसआईटी की रिपोर्ट आने के बाद जहां राहुल गांधी के साथ-साथ विपक्ष ने केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा टेनी के इस्तीफे की मांग तेज कर दी है, वहीं केंद्र सरकार अभी किसी भी तरह की कार्रवाई के मूड में नहीं दिख रही है। दरअसल, टेनी के इस्तीफे पर जब संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी से सवाल पूछा गया तो उनके जवाब से ऐसा लगा कि केंद्र सरकार कार्रवाई के मूड में नहीं है। जोशी सुप्रीम कोर्ट का हवाला देते हुए सवालों को टालते दिखे।
दरअसल, जब केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा टेनी के इस्तीफे पर संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी से सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा कि लखीमपुर खीरी मामले में सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच चल रही है। संसद चर्चा का स्थान है। हम विपक्ष से रचनात्मक सुझाव लेना चाहते हैं। हम उन्हें चर्चा के लिए बुलाते हैं लेकिन वे मना कर देते हैं। विपक्ष को जांच पूरी होने का इंतजार करना चाहिए। हम सुप्रीम कोर्ट के काम में दखल देकर संसदीय नियमों को नहीं तोड़ना चाहते हैं। मंत्री के इस जवाब से लग रहा है कि फिलहाल केंद्र सरकार कार्रवाई के मूड में नहीं है। वहीं सूत्रों के हवाले से यह भी खबर आ रही है कि केंद्रीय नेतृत्व का मानना है कि बेटे की करतूतों की सजा पिता को नहीं दी जा सकती।
बताते चलें कि,लखीमपुर हिंसा मामले में अजय मिश्रा टेनी के बेटे आशीष मिश्रा पर आरोप है कि उसने किसानों के ऊपर गाड़ी चढ़ा दी थी। फिलहाल आशीष मिश्रा जेल में है।
विपक्ष हंगामे में व्यस्त, टेनी काम में मस्त
इस मुद्दे पर जहां राहुल गांधी समेत विपक्ष के कई नेता सदन में हंगामा करते रहे लेकिन अजय टेनी गृह मंत्रालय में बेफिक्र होकर अपना काम निपटा रहे थे। इन सब गतिविधियों को देखकर ऐसा लग रहा है कि टेनी को केंद्रीय नेतृत्व की तरफ से भरोसा दे दिया गया है कि उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं की जाएगी।
वहीं लखीमपुर खीरी हिंसा मामले में एसआईटी की रिपोर्ट आने के बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी और भी अधिक हमलावर हो गए हैं। उन्होंने आज लोकसभा में कहा कि केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा टेनी क्रिमिनल है, उसने किसानों को मारा है। उन्होंने कहा कि ऐसे मंत्री तुरंत इस्तीफा दें।
